3 August 2018

Jindagi

ख्वाबों में नहीं लिखी जाती जिंदगी की किताब
हकीकत से उसे रूबरू होना ही पड़ता है...!

✍✍✍✍  मयंक जैन

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Shatranj ka khel

मेरी जिंदगी कोई शतरंज का खेल नहीं है ऐ सनम जहां मोहरा भी तेरे हाथ में और चाल भी तेरी ✍✍ मयंक जैन